API क्या है कैसे कार्य करता है? प्रकार, उदाहरण और फायदे बताये। हिंदी में-

दोस्तों आज का विषय बहुत ही खास है‌ एवं आपके लिए बहुत ही उपयोगी हो सकता है। गुजरते वक्त के साथ निरंतर बहुत सारी सुविधाएं बढ़ती जा रही है। आज का समय बहुत ही बदल चुका है। पिछले समय की बात करें तो उस समय इतनी सुविधाएं मौजूद नहीं थी। परंतु आज के टाइम में सब कुछ संभव है। आज बहुत प्रकार की सुविधाएं हम सभी के लिए हर समय तत्पर रहती है। जिनका हमने कभी भी आइडिया नहीं लगाया था।

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इस article में हम बात करेंगे कि API क्या है तथा इससे संबंधित संपूर्ण जानकारियां बिना Time waste करे नीचे विस्तार से जानते हैं –

 

API क्या है?

API जिसका फुल फॉर्म “Application Programming Interface” होता है। यहां मुख्य रूप से एक कोड होता है जिसकी हेल्प से किसी भी दूसरे ऑपरेटिंग सिस्टम, एप्लीकेशन या फिर सर्विस के डेटा को बड़े ही सरलता से एक्सेस किया जाता है। वैसे इसको एक कलेक्शन भी कह सकते हैं क्योंकि इसमें बहुत सारे Functions, Commands, Objects and Protocols होते हैं। इन्हीं की हेल्प से फिर प्रोग्राम सॉफ्टवेयर डेवलप होते हैं। API खुद अपने आप में डेटाबेस नहीं होता है बल्कि यह एक कोड का रूप होता है जो कि सरवर के एक्सेस पॉइंट को निर्धारित करने में सक्षम होता है। जैसे जब हम किसी एप्लीकेशन को यूज करते हैं तब अक्सर इंटरनेट की तो जरूरत होती है इसके बाद हम उस एप्लीकेशन में कुछ सर्च या ओपन करते हैं। तब यहां एक प्रोसेस होती है। मतलब पहले डाटा को सर्वर से रिक्वेस्ट करना पड़ता है फिर सर्वर हमारे द्वारा लिए गए डाटा को प्रक्रिया करता है और फिर Readable/Watchable Form में चेंज करता है। इसके पश्चात ही यूजर के पास उस डाटा को पहुंच जाता है। पहले यूजर के रिक्वेस्ट को रिसीव और फिर उसके हिसाब से डाटा को यूजर के पास सेंड भी करने का कार्य सर्वर पर जो एप्लीकेशन होती है उनको ही API का रूप दिया जाता है।

 

API के प्रकार क्या है?

API के प्रकार कई सारे होते हैं और उनके कार्य करने का तरीका भी भिन्न-भिन्न होता है सभी एक यूनिक तरीके से वर्क करते हैं। चलिए निम्नलिखित माध्यम से कुछ विशेष जानकारी को जानते हैं।

1. Procedural Oriented –

यह स्पेशल कार्य कंप्लीट करने के लिए सॉफ्टवेयर के हैंडलर होते हैं। इसके माध्यम से ही फंक्शंस को डायरेक्ट कोई फ़ाइल खोलने के लिए एक सामान्य इंटरफेस प्रोवाइड होता है।

2. Object Oriented –

इनके द्वारा मुश्किल जो कार्य होते हैं उनको करना तथा उन्हें सर्वर तक भेजना इनके द्वारा होता है। इनकी कैपेसिटी अधिक होती है यह अधिक लोड को भी झेल सकते हैं। यह बहुत पावरफुल और फास्ट भी होते हैं।

3. Service Oriented –

इनका ज्यादातर उपयोग सर्विस फील्ड में ही होता है वास्तव में तो यह सर्विस एप्लीकेशन होती है। इनका वर्क उपभोक्ताओं द्वारा दिए गए निर्देशों को सर्वर तक सेंड करना। इसके अंतर्गत शॉपिंग, डिस्काउंट वाले एप्स और साइट्स आते हैं।

4. Resource Oriented –

इसका ज्यादातर उपयोग बहुत बड़ी-बड़ी कंपनियां अपने सिस्टम की सिक्योरिटी के लिए करती है। इसका सिंपल सा उदाहरण वेब होस्टिंग जी हां दोस्तों वेब होस्टिंग भी किसी के अंतर्गत आती है।

 

API कैसे कार्य करता है?

आज इंटरनेट ऐसा माध्यम बन चुका है। जो दैनिक जीवन में बहुत ही जरूरी होता है और इंटरनेट पर आपको ऐसे कई सारे एप्लीकेशन और सॉफ्टवेयर मिलेंगे जो एपीआई के माध्यम से ही वर्क करते हैं। एपीआई के बिना एंड्राइड या फिर एप्लीकेशन का कार्य कर पाना लगभग असंभव है। API के बिना यहां कल्पना भी नहीं हो सकती है। जब कभी एप्लीकेशन के द्वारा API के पास रिक्वेस्ट भेजी जाती है तब इस स्थिति में API की हेल्प से सर्वर उस रिक्वेस्ट किए गए डाटा को रिसीव करता है। इसके पश्चात डेटा को एप्लीकेशन के पास फिर सेंड करता है। इसके बाद ही उस डाटा को यूजर उपयोग में ले सकता है।

 

API के उदाहरण क्या-क्या है?

API की कुछ प्रसिद्ध उदाहरण इस प्रकार हैं-

1. Google sign-in API –

यहां आज के टाइम पर बहुत ही प्रसिद्ध API है‌। आपने इसको कई सारे एप्लीकेशन या सॉफ्टवेयर में जरूर देखा होगा। इसका ज्यादातर उपयोग साइन इन के लिए ही होता है।

2. Facebook API –

यहां भी बिल्कुल सेम टू सेम गूगल साइन इन की तरह ही होती हैं। पर इसमें कुछ अलग फीचर्स होते हैं जिनके द्वारा डाटा को एक्सेस किया जाता है।

3. YouTube API –

इसकी हेल्प से आप अपने वेबसाइट कंटेंट के बीच में यूट्यूब वीडियो Embed कर सकते हैं। जब कभी भी यूजर आपकी वेबसाइट पर विजिट करता है तब वह डायरेक्ट यूट्यूब में ना जाकर बल्कि आपकी वेबसाइट पर ही यूट्यूब वीडियो प्ले कर सकता है।

4. E-commerce API –

दोस्तों आज के टाइम पर कई सारे ई-कॉमर्स वेबसाइट अवेलेबल है। जिनका उपयोग आज के वक्त में डेवलपर अपने स्वयं की ई-कॉमर्स वेबसाइट क्रिएट करने में करते हैं। अर्थात Product Advertising API, Product Information API आदि की हेल्प से यूजर अपने ही ई-कॉमर्स वेबसाइट क्रिएट कर सकता है।

 

API के फायदे क्या है?

API के कुछ फायदे इस प्रकार हैं –

• API के द्वारा समय की काफी बचत होती है। जब यूजर से कोई भी निर्देश API के पास रिसीव होता है तब यहां ऑटोमेटिक वर्क करता है और इसमें काफी समय भी बचता है।
• ऑटोमेटिक अपडेट के लिए भी API जाना जाता है यूजर के द्वारा अगर डाटा में चेंज किया गया है तो API ऑटोमेटिक डाटा को अपडेट करके आगे की प्रक्रिया शुरू करता है।
• API यूजर के डाटा को पूर्णता सुरक्षित रखने में उपयोगी होता है।
• इसके हेल्प से एप्लीकेशंस के फंक्शन को कभी भी इमरजेंसी में बड़ी सिंपली चेंज किया जा सकता है।

 

क्या वास्तव में API सुरक्षित है?

दोस्तों यह बात सही है की सुरक्षा के मामले में आज के टाइम में बहुत ध्यान देना पड़ता है अगर पर्सनली डाटा गलत हाथों में लग जाए तो इसका तो अनुमान भी नहीं लगाया जा सकता कि क्या हो सकता है लेकिन API बहुत ही सुरक्षित हैं। यहां यूजर द्वारा जी भी एप्लीकेशन से वर्क किया जा रहा है। API केवल उतने ही डाटा को आगे भेजता है जितने की जरूरत या मांग की गई हो। इसके बाद सर्वर फिर से डाटा को सेंड करता है। API आज के टाइम में बहुत ही महत्वपूर्ण है। बड़ी-बड़ी कंपनियों द्वारा इनका विशेष यूज किया जा रहा है इनमें से कुछ कंपनी के नाम जैसे- Google, Ebay, Amazon, Wikipedia आदि। इनका नाम आपने जरूर सुना होगा। यह कंपनी भी सुरक्षा के मामले में काफी सजग हैं।

 

API का फ्यूचर कैसा होगा?

जैसे कि हम सभी जानते हैं कि आजकल आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का दौर चल रहा है और ऐसे में हर एक यूजर को बेहतर टेक्नोलॉजी चाहिए होती है। API को अगर भविष्य में ऐसे ही टिके रहना है तो इसमें कुछ विशेष परिवर्तन की जरूरत होगी जिससे यूजर का एक्सपीरियंस और भी बड़े। उनकी जरूरत बेहतर तरीके से पूर्ण हो। ऐसा अगर फ्यूचर में होता है तो सभी लोग इसका ज्यादातर इस्तेमाल करने लग जाएंगे बिजनेस के क्षेत्र में यह बहुत फायदेमंद है किसके द्वारा समय और पैसे की काफी बचत होती है। आने वाले समय में बिजनेस और भी बढ़ता जा रहा है। अब केवल API को फ्यूचर में अपना नाम दर्ज करना है तो इसको और भी अपडेट करते रहना होगा।

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सारांश-

दोस्तों इस आर्टिकल की मदद से आप जान गए होंगे कि API क्या है? आशा करता हूं कि आपको सभी जानकारी पसंद जरूर आई होगी। इन सभी जानकारियों को अपने Friends, Family के साथ जरूर शेयर करें और आपका अगर कोई सा भी कन्फ्यूजन हो तो Comment करके निसंकोच पूछ सकते हैं।
Thank you

 

कुछ FAQ-

Q.1 API का क्या अर्थ है?
Ans. API मुख्य रूप से एक कोड होता है जिसकी हेल्प से किसी भी दूसरे ऑपरेटिंग सिस्टम, एप्लीकेशन या फिर सर्विस के डेटा को बड़े ही सरलता से एक्सेस किया जाता है। वैसे इसको एक कलेक्शन भी कह सकते हैं क्योंकि इसमें बहुत सारे Functions, Commands, Objects and Protocols होते हैं।

Q.2 API का फुल फॉर्म क्या है?
Ans. API जिसका फुल फॉर्म “Application Programming Interface” होता है।

 

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